30/01/2026

नाल्को ने वित्त वर्ष ‘26 की तीसरी तिमाही में रिकॉर्ड परिणाम हासिल किए शुद्ध लाभ ₹1,601 करोड़, नौ माह का लाभ ₹4,098 करोड़।
संचालन उत्कृष्टता और बाजार की मजबूती ने नाल्को को रिकॉर्ड उत्पादन और बिक्री दिलाई।
भुवनेश्वर, 30.01.2026: भारत सरकार के खान मंत्रालय के सार्वजनिक क्षेत्र के ‘नवरत्न’ लोक उद्यम, नेशनल एल्युमिनियम कंपनी लिमिटेड (नालको) तथा देश की अग्रणी एल्यूमिना एवं एल्यूमिनियम निर्माता एवं निर्यातक कंपनी ने असाधारण संचालन और वित्तीय प्रदर्शन के बल पर दिसंबर 2025 को समाप्त तीसरी तिमाही तथा वित्तीय वर्ष 2025–26 के नौ माह में अब तक का सर्वोच्च शुद्ध लाभ दर्ज किया है। कंपनी का शुद्ध लाभ ₹1,601 करोड़ रहा, जबकि पिछले वर्ष की समान तिमाही में यह ₹1,583 करोड़ था। भुवनेश्वर में आज आयोजित बोर्ड बैठक में वित्तीय वर्ष ’26 की तीसरी तिमाही के समीक्षा किए गए वित्तीय परिणामों के अनुसार, नालको ने वित्तीय वर्ष ’26 की तीसरी तिमाही में कुल आय ₹4,925 करोड़ दर्ज की, जबकि वित्तीय वर्ष ’25 की तीसरी तिमाही में यह ₹4,761 करोड़ थी।
दिसंबर 2025 को समाप्त नौ माह में शुद्ध लाभ और परिचालन से आय क्रमशः ₹4,098 करोड़ और ₹12,830 करोड़ रही, जबकि पिछले वित्तीय वर्ष की समान अवधि में ये आंकड़े क्रमशः ₹3,246 करोड़ और ₹11,520 करोड़ थे। इस प्रकार, शुद्ध लाभ में 26% और परिचालन से आय में 11% की वृद्धि दर्ज की गई। उल्लेखनीय है कि नालको ने तीसरी तिमाही तथा वित्तीय वर्ष ’26 के नौ माह में अब तक की सर्वाधिक परिचालन आय और कर पश्चात लाभ अर्जित किया है।
वित्तीय वर्ष 2025–26 के नौ माह की अवधि के दौरान, नालको ने बॉक्साइट 56.60 लाख टन, एल्यूमिना हाइड्रेट 17.27 लाख टन तथा एल्यूमिनियम कास्ट मेटल 3.54 लाख टन का अब तक का सर्वोच्च उत्पादन दर्ज किया। इसके साथ ही, कंपनी ने अब तक का सर्वाधिक शुद्ध विद्युत उत्पादन भी हासिल किया। इसी अवधि में, कंपनी ने एल्यूमिना एवं एल्यूमिनियम धातु की अब तक की सर्वोच्च बिक्री दर्ज की, जिसमें घरेलू एल्यूमिनियम बिक्री भी सर्वाधिक रही। यह मजबूत बाजार मांग और कंपनी की परिचालन उत्कृष्टता को स्पष्ट रूप से दर्शाता है।
मजबूत परिणामों पर हर्ष व्यक्त करते हुए, नालको के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्री बृजेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा कि कंपनी का यह प्रदर्शन कर्मचारियों की प्रतिबद्धता तथा लागत अनुकूलन, मार्जिन प्रबंधन एवं गुणवत्ता सुधार पर सतत ध्यान का परिणाम है। धातु में बेहतर प्राप्ति, एल्यूमिना एवं धातु के उच्च उत्पादन स्तर के साथ-साथ कैप्टिव कोयले के बढ़े हुए उपयोग ने इन सकारात्मक परिणामों को और सुदृढ़ किया है। आगे की रणनीति पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि कंपनी की प्राथमिकता विस्तार परियोजनाओं का समयबद्ध क्रियान्वयन है, जिससे नवाचार, इंडस्ट्री 4.0 समाधान, अनुसंधान एवं विकास तथा कार्बन कटौती पहलों के माध्यम से दीर्घकालिक वृद्धि सुनिश्चित की जा सकेगी।
श्री सिंह ने खान मंत्रालय, भारत सरकार एवं ओडिशा सरकार द्वारा प्रदान किए गए मार्गदर्शन एवं सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया, जिसने नालको को व्यावसायिक उत्कृष्टता के पथ पर अग्रसर बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
यह भी उल्लेखनीय है कि नालको ने वित्तीय वर्ष 2025–26 के लिए ₹4.50/- प्रति शेयर की दूसरी अंतरिम लाभांश की घोषणा की है।