31/08/2026
भुवनेश्वर, 31.08.2026: भारत सरकार, खान मंत्रालय के नवरत्न केंद्रीय सार्वजनिक उपक्रम नेशनल एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (नालको), ने आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अपनी 45वीं वार्षिक साधारण बैठक आयोजित की। बैठक की अध्यक्षता अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्री बृजेन्द्र प्रताप सिंह ने की। कंपनी के प्रकार्यात्मक निदेशकगण, स्वतंत्र निदेशक, मुख्य सतर्कता अधिकारी, खान मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी तथा कंपनी सचिव भी बैठक में उपस्थित रहे।
शेयरधारकों को संबोधित करते हुए श्री सिंह ने वित्त वर्ष 2025-26 में नालको के रिकॉर्ड परिचालन एवं वित्तीय प्रदर्शन को रेखांकित किया और इस वर्ष को कंपनी के लिए एक ऐतिहासिक वर्ष बताया। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि नालको की दृढ़ता, रणनीतिक दूरदर्शिता और परिचालन उत्कृष्टता को दर्शाती है तथा भारत की एल्यूमिनियम मूल्य श्रृंखला को सुदृढ़ करने और आत्मनिर्भर भारत एवं विकसित भारत की राष्ट्रीय ध्येय में योगदान की पुष्टि करती है।
नालकों ने प्रमुख परिचालन मानकों में अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दर्ज किया। इस उत्कृष्ट परिचालन प्रदर्शन का प्रतिफल कंपनी के रिकॉर्ड वित्तीय परिणामों के रूप में सामने आया, जिसमें नालकों ने परिचालन से प्राप्त राजस्व, कर-पूर्व लाभ तथा कर-पश्चात लाभ के क्षेत्र में अब तक का सर्वाधिक स्तर हासिल किया। वर्ष के दौरान प्रमुख कारोबारी क्षेत्रों में भी बिक्री का उच्चतम स्तर दर्ज किया गया, जिसमें घरेलू एल्युमिना और एल्युमिनियम मेटल की बिक्री प्रमुख रही। ये उपलब्धियाँ नालकों के मजबूत आधारभूत स्वरूप, कुशल परिचालन तथा गतिशील कारोबारी परिवेश में सतत मूल्य सृजित करने की कंपनी की क्षमता को रेखांकित करती हैं।
शेयरधारकों के लिए स्थायी मूल्य सृजन की प्रतिबद्धता दोहराते हुए नालको ने वित्त वर्ष 2025-26 में ₹10.50 प्रति इक्विटी शेयर का अंतरिम लाभांश तीन किश्तों में वितरित किया, जिसकी कुल राशि ₹1,928.46 करोड़ रही। इसके अतिरिक्त, आज आयोजित 45वीं वार्षिक साधारण बैठक में शेयरधारकों ने ₹1.00 प्रति इक्विटी शेयर का अंतिम लाभांश भी अनुमोदित किया, जिसकी राशि ₹183.66 करोड़ है।
कंपनी के भविष्य की योजनाओँ पर बोलते हुए श्री सिंह ने कहा कि भारत में एल्यूमिनियम की मांग का परिदृश्य अनुकूल बना हुआ है और यह आगे भी मजबूत रहेगा।
नालको की विकास योजनाओं और दीर्घकालिक रणनीतिक प्राथमिकताओं को रेखांकित करते हुए श्री बी.पी. सिंह ने कंपनी की प्रमुख विस्तार पहलों का उल्लेख किया, जिनमें दमनजोड़ी स्थित एल्यूमिना रिफाइनरी का 5वीं धारा विस्तार, पोटांगी बॉक्साइट खानों का विकास, ग्रहीत कोयला क्षमता का संवर्धन और अनुगुळ स्थित एल्यूमिनियम प्रद्रावक एवं ग्रहीत विद्युत संयंत्र का प्रस्तावित विस्तार शामिल है। उन्होंने महत्वपूर्ण खनिज, संसाधन एवं ऊर्जा सुरक्षा, वर्तुलाकार अर्थव्यवस्था, डिजिटल परिवर्तन, अपशिष्ट से संपदा निर्माण और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे रणनीतिक पहलों का भी उल्लेख किया, जिनका उद्देश्य कंपनी की प्रतिस्पर्धात्मकता को सुदृढ़ करना, परिचालन अनुकूलन को बढ़ाना और दीर्घकालिक सतत मूल्य सृजन करना है।
श्री सिंह ने भारत सरकार, विशेषकर खान मंत्रालय के निरंतर मार्गदर्शन और सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने ओडिशा सरकार और स्थानीय प्रशासन द्वारा कंपनी के परिचालन एवं विकास यात्रा में दिए गए सहयोग की भी सराहना की।
समुदाय साझेदारी के महत्व को स्वीकार करते हुए उन्होंने नालको के परिचालन क्षेत्रों के आसपास रहने वाले समुदायों के सहयोग के लिए आभार प्रकट किया, जिनकी भूमिका कंपनी की प्रगति हेतु अति महत्वपूर्ण है। उन्होंने पूरी नालको टीम – कर्मचारियों, संविदा कर्मियों तथा शेयरधारकों, निवेशकों, ग्राहकों, आपूर्तिकर्ताओं, व्यावसायिक सहयोगियों, परामर्शदाताओं और संयुक्त उपक्रम भागीदारों के विश्वास एवं निरंतर समर्थन के लिए धन्यवाद दिया।
श्री सिंह ने कहा: “वित्त वर्ष 2025-26 का रिकॉर्ड प्रदर्शन सामूहिक उपलब्धि है। नालको की हर उपलब्धि के पीछे उसके लोगों की प्रतिबद्धता, क्षमता और सामूहिक भावना है।”
